Complete Action Plan For Development Of Tribal Community Soon – जनजातीय समुदाय के विकास के लिए मुकम्मल कार्ययोजना जल्द


न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Updated Fri, 18 Dec 2020 12:38 AM IST

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
– फोटो : amar ujala

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹299 Limited Period Offer. HURRY UP!

ख़बर सुनें

प्रदेश सरकार जनजातीय समुदाय के आर्थिक विकास के लिए एक मुकम्मल कार्ययोजना तैयार करने जा रही है। जनजातियों के स्वयं सहायता समूह बनवाकर उन्हें केंद्र व प्रदेश सरकार की योजनाओं का लाभ दिलाने की तैयारी है।

प्रदेश में अनुसूचित जनजाति की जनसंख्या 11.34 लाख (2011 की जनगणना के अनुसार) है। यह प्रदेश की कुल जनसंख्या का 0.56 प्रतिशत है, जो कई राज्यों की कुल जनजातीय जनसंख्या से भी अधिक है। लेकिन, जनजाति से जुड़े लोग सरकार की योजनाओं से वंचित हैं। यह समुदाय लकड़ी के सुंदर उत्पाद तैयार करते हैं लेकिन, उसकी ब्रांडिंग व बिक्री की मुकम्मल व्यवस्था की कमी है। सरकार ने पहले चरण में बलरामपुर, सोनभद्र, ललितपुर, व लखीमपुर खीरी में विशेष अभियान चलाकर इस समुदाय के स्वयं सहायता समूह बनवाने का फैसला किया है। इसके बाद इन समूहों को मार्केट प्लेस से जोड़ा जाएगा। इसके अलावा जनजातियों की मदद के लिए सोनभद्र व ललितपुर में पांच वनधन केंद्र स्वीकृत हैं। सरकार ने इनकी संख्या बढ़ाने का फैसला किया है, जोकि वन निगम व जनजाति विकास विभाग मिलकर करेंगे।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर जनजाति के लोगों के कौशल विकास के लिए गाइड व गार्ड की ट्रेनिंग भी कराने की योजना है। ट्रेनिंग का काम वन विभाग करेगा। इसी तरह केंद्र सरकार की मदद से 87 लघु वन उत्पादों को न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदने की योजना है। इसके लिए 3.20 करोड़ रुपये की व्यवस्था कर दी गई है। वन उत्पादों को समर्थन मूल्य पर खरीदकर उसे और अच्छे उत्पाद में बदला जाएगा। इसके बाद पैकेजिंग व मार्केटिंग में सहयोग देकर समूहों को मार्केट प्लेस से जोड़ने का काम होगा। 



Source link

Share:

Share on facebook
Share on twitter
Share on pinterest
Share on linkedin
Share on whatsapp

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *